ऋषिकेश रेल हादसे में रेलवे विभाग की ओर आठ कर्मचारियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई। साथ ही लोको पायलट को हटाकर चंदौसी भेज दिया गया है। इसी महीने शेष कर्मचारियों पर भी कार्रवाई हो सकती है।
18 मई को ऋषिकेश के खांड गांव के पास उज्जैनी एक्सप्रेस के तीन कोच और इंजन हादसे का शिकार हो गए थे। इस दौरान कोच बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए थे। हादसे के दौरान ट्रेन खाली थी। उसे शंटिंग के लिए खड़ा किया गया था। हादसे के बाद दिल्ली और मुरादाबाद मंडल के कई अधिकारी मौके पर पहुंचे थे।
देहरादून रेल हादसे में शंटिंग मास्टर की वेतन बढ़ोतरी रुकी
फरवरी 2023 में देहरादून टर्मिनल में नंदा देवी एक्सप्रेस के चार पहिए पटरी से उतर गए थे। इसमें शंटिंग मास्टर की लापरवाही सामने आई थी। इस मामले में लंबी जांच के बाद रेलवे की ओर से शंटिंग मास्टर पर कार्रवाई करते हुए एक वर्ष तक वेतन बढ़ोतरी रोक दी गई है। शंटिंग मास्टर पर आरोप था कि शंटिंग के दौरान उसने लोको पायलट को सही जानकारी नहीं दी। इससे वह ट्रेन नहीं रोक पाया और ट्रेन पीछे दीवार से टकरा गई।
ऋषिकेश में उज्जैनी एक्सप्रेस के तीन कोच और इंजन पटरी से उतरने के मामले में लोको पायलट को हटा दिया गया है। सभी आरोपी कर्मचारियों के खिलाफ चार्जशीट भी हो गई है। मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। शेष सभी कर्मचारियों पर जल्द कार्रवाई की जाएगी।- – महेश यादव, वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक, मुरादाबाद मंडल