हफ्तों से जारी तनातनी और लामबंदी के बीच ईरान पर अमेरिका और इजरायल ने मिलकर हमला कर दिया है. ईरान की राजधानी तेहरान में शनिवार सुबह से ही धमाकों की गूंज सुनाई दे रही है. कई इमारतों से काला धुआं उठता दिख रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, दोनों ही इन हमलों को खुद पर खतरा बताते हुए जरूरी बताया है
ईरान की राजधानी तेहरान में धमाकों की आवाज सुनी गई. इजरायल के रक्षा मंत्री ने इसकी पुष्टि दी है. ईरान की राजधानी तेहरान के अलावा कौम, हाइफा, खोर्रमाबाद और इस्फहान पर मिसाइलें दागीं. ईरान सरकार के कुछ कार्यालयों पर भी हमला हुआ है. इसके जवाब में ईरान ने भी ताबड़तोड़ मिसाइलें दागकर इजरायली शहरों तेल अवीव, हाइफा, गैलिली आदि को निशाना बनाया है. इजरायली नागरिकों को शेल्टरों के पास रहने को कहा गया है. इस हमले में अमेरिका भी साथ था. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वो ईरान को परमाणु बम नहीं बनाने देंगे.
इजराइल ने शनिवार को ईरान पर “रोकथाम के लिए हमले” करने और यरुशलम में सायरन बजाने की घोषणा के बाद अपना एयरस्पेस आम लोगों की उड़ानों के लिए बंद कर दिया. मंत्री मिरी रेगेव ने घोषणा की, “सुरक्षा घटनाक्रम के बाद, ट्रांसपोर्टेशन मंत्री ने इज़राइल सिविल एविएशन अथॉरिटी के डायरेक्टर को इज़राइल राज्य का एयरस्पेस आम लोगों की उड़ानों के लिए बंद करने का आदेश दिया है.”