ऑस्ट्रेलिया में यहूदी समुदाय के खिलाफ हमले की आशंका पहले से ही थी। गाजा में इस्राइल की कार्रवाई के बाद यहूदी समुदाय के खिलाफ घटनाओं में वृद्धि देखी गई थी। इस्राइली प्रधानमंत्री वेंजामिन नेतन्याहू ने यहूदी विरोधी भावना के बारे में ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंटोनी अल्बनीज को चेताया भी था। सिडनी हमले से यह आशंका सच साबित हुई। आतंकी हमले के बाद समुद्र तट पर अफरा-तफरी मच गई। उत्सव मनाने के लिए जुटे लोगों को जहां-तहां भागकर जान बचानी पड़ी।
नेतन्याहू ने रविवार को कहा कि उन्होंने अपने ऑस्ट्रेलियाई समकक्ष को चेतावनी दी थी कि देश की नीतियां यहूदी-विरोधी भावना को बढ़ावा देती हैं। उन्होंने गोलीबारी को क्रूर हत्या बताया और कहा कि जब नेता चुप रहते हैं तो यहूदी-विरोधी भावना फैलती है। उन्होंने कहा, आपको कमजोरी की जगह कार्रवाई करनी होगी। दरअसल, ऑस्ट्रेलिया में यहूदी विरोधी यह कोई पहले घटना नहीं है। यहूदियों के खिलाफ आक्रामकता की शुरुआत अक्तूबर 2023 में ही हो गई थी, हमास ने इस्राइल पर हमला किया था, जिसमें 1,200 से अधिक लोग मारे गए थे। इसके कुछ ही दिनों बाद सिडनी में एक यहूदी बेकरी के सामने लाल रंग का उल्टा त्रिकोण स्प्रे से बनाया गया।
हमास के खिलाफ इस्राइल ने जबावी सैन्य कार्रवाई शुरू की तो यहूदी विरोधी घटनाओं में और तेजी आई। उसके बाद फिर यह सिलसिला चलता रहा। यहूदियों से जुड़े स्थलों पर हमले किए गए, दीवारों पर आपत्तिजनक नारे लिखे गए। इन घटनाओं के बाद से यहूदी माता पिता अपने बच्चों को डे केयर भेजने से डरने लगे थे। कई यहूदी स्कूलों ने अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की है। हालात को देखते हुए ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने पिछले वर्ष यहूदी विरोध से निपटने के लिए अपना पहला विशेष दूत नियुक्त किया था।
ऑस्ट्रेलिया की कुल 2.70 करोड़ आबादी में करीब 1.50 लाख यहूदी समुदाय के लोग हैं। यह समुदाय संख्या में छोटा है, लेकिन समाज में गहराई से जुड़ा हुआ है. अनुमान के मुताबिक, इनमें से करीब एक तिहाई लोग सिडनी के पूर्वी उपनगरों में रहते हैं, जिनमें बोंडाई क्षेत्र भी शामिल है। रविवार को हुए हमले के पास मौजूद एक व्यक्ति ने कहा कि यहूदी होना पिछले कुछ वर्षों में बेहद चुनौतीपूर्ण हो गया है। शायद एक दिन उन्हें इस्राइल जाना पड़े। इस्राइल यहूदियों के लिए अब वही दुनिया में एकमात्र सुरक्षित जगह नजर आने लगी है।
ऑस्ट्रेलियाई तट पर यहूदियों पर हमला करने वाले एक आतंकी की पहचान नवीद अकरम के रूप में हुई है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, 24 वर्षीय अकरम मूल रूप से पाकिस्तान के लाहौर का रहने वाला है। वह सिडनी के अल-मुराद इंस्टीट्यूट में छात्र रहा है। उसका ड्राइविंग लाइसेंस ऑनलाइन प्रसारित हो रही है, जिसके फोटो में वह पाकिस्तान क्रिकेट जर्सी पहने नजर आता है। पुलिस ने उसके घर पर छापा मारा। अकरम वही आतंकी है, जिसके हथियार को एक व्यक्ति ने छीन लिया था। इसका वीडियो भी वायरल हो रहा है। हालांकि, पुलिस ने यह नहीं बताया है कि क्या अकरम को पकड़ लिया गया है। न्यू साउथ वेल्स के पुलिस आयुक्त मैल लैन्योन के अनुसार, ऑस्ट्रेलिया के बॉन्डी बीच में हुई गोलीबारी में शामिल दोनों संदिग्ध एक पिता और उसका बेटा हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने बताया कि 50 वर्षीय पिता को मौके पर पुलिस ने गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया, जबकि बेटा (अकरम) वर्तमान में अस्पताल में है और उसकी स्थिति गंभीर लेकिन स्थिर बताई गई है।
बोंडी समुद्र तट पर यहूदी त्योहार मना रहे लोगों पर दो आतंकवादियों की तरफ से की गई गोलीबारी में 16 लोगों की मौत हो गई। पुलिस अधिकारियों समेत 40 लोग घायल हुए हैं। ऑस्ट्रेलियाई सरकार इसे आतंकी हमला करार दिया है। न्यू साउथ वेल्स प्रांत के पुलिस आयुक्त मैल लान्योन ने कहा कि यह लक्षित घटना है और इसमें इस्तेमाल किए गए हथियारों के कारण इस नरसंहार को आतंकवादी हमला घोषित किया गया। पुलिस ने बताया कि यह हमला भारतीय समय के अनुसार दोपहर 2:17 बजे (ऑस्ट्रेलियाई समय शाम 7:47 बजे) हुआ। पुलिस ने बताया कि घटनास्थल के आसपास के इलाके में मिली कई संदिग्ध वस्तुओं की जांच विशेषज्ञ अधिकारी कर रहे हैं, जिनमें संदिग्धों की एक कार में मिला एक देसी बम भी शामिल है।

बच्चों और बुजुर्गों को बनाया निशाना
सिडनी मॉर्निंग हेराल्ड के अनुसार, यह गोलीबारी आठ दिवसीय यहूदी त्योहार हनुक्का की पहली शाम को हुई। बंदूकधारियों ने उस वक्त गोलीबारी शुरू कर दी, जब यहूदी त्योहार की शुरुआत के उपलक्ष्य में समुद्र तट पर आयोजित एक कार्यक्रम के लिए सैकड़ों लोग इकट्ठा हुए थे। एक चश्मदीद ने बताया कि हमलावरों ने बच्चों और बुजुर्गों को अंधाधुंध निशाना बनाया। एक अन्य चश्मदीद ने बताया कि उसने लोगों को जमीन पर पड़े देखा और हर जगह खून बिखरा हुआ था।
सिडनी मॉर्निंग हेराल्ड के अनुसार, यह गोलीबारी आठ दिवसीय यहूदी त्योहार हनुक्का की पहली शाम को हुई। बंदूकधारियों ने उस वक्त गोलीबारी शुरू कर दी, जब यहूदी त्योहार की शुरुआत के उपलक्ष्य में समुद्र तट पर आयोजित एक कार्यक्रम के लिए सैकड़ों लोग इकट्ठा हुए थे। एक चश्मदीद ने बताया कि हमलावरों ने बच्चों और बुजुर्गों को अंधाधुंध निशाना बनाया। एक अन्य चश्मदीद ने बताया कि उसने लोगों को जमीन पर पड़े देखा और हर जगह खून बिखरा हुआ था।
हमले से जुड़े वीडियो वायरल
इस हमले से जुड़े कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इनमें से एक में समुद्र तट और पास में मौजूद लोग गोलियों की तड़तड़ाहट और पुलिस वाहनों के सायरन की आवाज सुनकर इधर-उधर भागते दिखाई दे रहे हैं। एक अन्य व्यक्ति को पैदल यात्री पुल से बंदूक चलाते हुए देखा गया। एक अन्य वीडियो में वर्दीधारी पुलिसकर्मी एक छोटे पैदल यात्री पुल पर दो पुरुषों को जमीन पर दबाते नजर आ रहे हैं। पुलिसकर्मी इनमें से एक को होश में लाने की कोशिश कर रहे हैं।
इस हमले से जुड़े कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। इनमें से एक में समुद्र तट और पास में मौजूद लोग गोलियों की तड़तड़ाहट और पुलिस वाहनों के सायरन की आवाज सुनकर इधर-उधर भागते दिखाई दे रहे हैं। एक अन्य व्यक्ति को पैदल यात्री पुल से बंदूक चलाते हुए देखा गया। एक अन्य वीडियो में वर्दीधारी पुलिसकर्मी एक छोटे पैदल यात्री पुल पर दो पुरुषों को जमीन पर दबाते नजर आ रहे हैं। पुलिसकर्मी इनमें से एक को होश में लाने की कोशिश कर रहे हैं।
शख्स ने एक आतंकी की बंदूक छीनकर उसी पर तानी
सोशल मीडिया पर वायरल एक अन्य वीडियो में काले रंग की कमीज पहने एक व्यक्ति को बड़ी बंदूक चलाते हुए देखा जा सकता है। सफेद टी-शर्ट पहने एक व्यक्ति हमलावर के पीछे गाड़ियों की वोट में छिपा है। मौका पाते ही वह हमलावर पर हमला करता है और पीछे से उसे दबोच लेता है। इसके बाद वह हमलावर की बंदूक छीनकर उसी पर तान देता है।
ऑस्ट्रेलियाई पीएम ने दुख जताया
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए इसे स्तब्धकारी और पीड़ादायक बताया है। उन्होंने कहा कि वह ऑस्ट्रेलियाई संघीय पुलिस कमिश्नर और न्यू साउथ वेल्स के प्रधानमंत्री के संपर्क में हैं और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि घायलों की जान बचाने और स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित करना पहली प्राथमिकता है।
आतंकवाद के प्रति शून्य सहिष्णुता: पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सिडनी तट पर हुए आतंकवादी हमले की निंदा की और कहा कि भारत आतंकवाद के प्रति शून्य सहिष्णुता रखता है और इसके सभी रूपों के खिलाफ लड़ाई का समर्थन करता है। पीएम ने कहा, ऑस्ट्रेलिया के बोंडी तट पर हुए उस भयावह आतंकवादी हमले की मैं कड़ी निंदा करता हूं, जिसमें यहूदी त्योहार हनुक्का के पहले दिन का जश्न मना रहे लोगों को निशाना बनाया गया। भारत की ओर से, मैं उन परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है। दुख की इस घड़ी में हम ऑस्ट्रेलिया के लोगों के साथ खड़े हैं।
इस्राइली राष्ट्रपति ने आतंकी हमला बताया
इस्राइली राष्ट्रपति इसहाक हर्जोग ने कहा कि हनुक्का पर्व की पहली मोमबत्ती जलाने के लिए समुद्र तट पर गए यहूदी लोगों पर आतंकवादियों ने हमला किया। अक्तूबर 2023 में गाजा में इस्राइल के युद्ध की शुरुआत के बाद से ऑस्ट्रेलिया में यहूदी-विरोधी कई हमले हुए हैं, जिसमें पूजा स्थल, इमारतों और कारों को निशाना बनाया गया है। इस्राइल के विदेश मंत्री गिदोन सार ने गोलीबारी की घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। ऑस्ट्रेलियाई यहूदी समुदाय की कार्यकारी परिषद के सह-मुख्य कार्यकारी अधिकारी एलेक्स रिवचिन ने कहा, अगर हमें जानबूझकर इस तरह निशाना बनाया गया है, तो यह एक ऐसी भयावह घटना है जिसकी हममें से कोई कल्पना भी नहीं कर सकता था। यह एक भयानक घटना है। हमले में उनके मीडिया सलाहकार घायल हुए हैं।
11 साल बाद फिर सिडनी बना निशाना
यह हमला सिडनी के लिंड्ट कैफे में एक अकेले बंदूकधारी के 18 लोगों को बंधक बनाए जाने के लगभग 11 साल बाद हुआ। 16 घंटे तक चले गतिरोध के बाद दो बंधक और बंदूकधारी मारे गए थे।
यह हमला सिडनी के लिंड्ट कैफे में एक अकेले बंदूकधारी के 18 लोगों को बंधक बनाए जाने के लगभग 11 साल बाद हुआ। 16 घंटे तक चले गतिरोध के बाद दो बंधक और बंदूकधारी मारे गए थे।