देहरादून: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य पर शुक्रवार को आयोजित समारोह में उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली महिलाओं को ‘महिला कल्याण उत्कृष्ट सेवा’ और ‘मेरी पहचान-2026’ सम्मान प्रदान किए। यह कार्यक्रम शुक्रवार को लोक भवन देहरादून में महिला कल्याण विभाग की ओर से आयोजित किया गया।
राज्यपाल ने सभी सम्मानित महिलाओं को बधाई देते हुए कहा कि वे समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में नारी को सदैव सर्वोच्च सम्मान का स्थान दिया गया है। हमारी परंपरा में नारी को शक्ति, सृजन और संस्कार का प्रतीक माना गया है।उन्होंने सिख धर्म के प्रथम गुरु गुरु नानक देव का संदेश “सो क्यों मंदा आखिए जित जम्मे राजान” उद्धृत करते हुए कहा कि जो नारी राजाओं को जन्म देती है, उसे कभी भी कमतर नहीं आंका जा सकता।
राज्यपाल ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस केवल उत्सव का अवसर नहीं है, बल्कि महिलाओं के सम्मान, आत्ममूल्य और उनकी क्षमता को पहचानने का भी अवसर है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में महिलाओं ने हर क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया है। विशेष रूप से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं ने अपनी मेहनत और संकल्प के बल पर आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं।