उत्तराखंड में घनसाली विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक बलवीर सिंह नेगी का 77 वर्ष की आयु में लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। उन्होंने देहरादून स्थित कैलाश अस्पताल में उपचार के दौरान अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से घनसाली क्षेत्र सहित पूरे उत्तराखंड के राजनीतिक हलकों में शोक की लहर दौड़ गई है। बता दें कि पूर्व विधायक बलवीर सिंह नेगी लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे। सोमवार को उन्होंने देहरादून स्थित एक अस्पताल में अंतिम सांस ली।
बलवीर सिंह नेगी एक अनुभवी और बहुचर्चित राजनीतिक व्यक्तित्व रहे। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत उत्तर प्रदेश के दौर में की। वर्ष 1988 में वे जनता दल के टिकट पर पहली बार विधायक बने और लगभग 11 माह तक विधानसभा सदस्य रहे। इसके बाद उत्तराखंड राज्य गठन के बाद भी वे सक्रिय राजनीति में बने रहे।
उनके निधन पर जनप्रतिनिधियों, राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने गहरा शोक व्यक्त किया है। सभी ने उन्हें एक सरल, मिलनसार और जनसमस्याओं के प्रति संवेदनशील नेता बताते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की है। बलवीर सिंह नेगी का निधन उत्तराखंड की राजनीति के लिए एक अपूरणीय क्षति माना जा रहा है।